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मैं शनि हूँ

मैं शनि हूँ
मेरे नाम से लोग डरते हैं,
मेरे दृष्टि से
लोग काँप उठते हैं।
मैं अन्याय के विरुद्ध लड़ता हूँ
बहुतों की आँखों में
इसलिए रड़कता हूँ।
मगर धर्म के लिए
अपने पिता को ही
दंडित करना आसान नहीं।
सत्य के लिए
महाकाल से भी लड़ना
मज़ाक नहीं।
मैं शनि हूँ
धर्मनिष्ठ हूँ और सत्य निष्ठ हूँ
कठोर और क्रूर भी हूँ
मगर असत्य वादियों के लिए
अधर्मियों के लिए।

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