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'इंडियन पोएट्री इन इंग्लिश— पेट्रीकॉर' का लोकार्पण

पटना, मार्च 06, 2020 - 

शुक्रवार को अँग्रेज़ी के जाने-माने साहित्यकार, कवि एवं टीपीएस कॉलेज के अँग्रेज़ी विभाग के आचार्य डॉ. छोटे लाल खत्री के साहित्यिक अवदान पर डॉ. सुधीर के अरोड़ा और डॉ. अवनीश सिंह चौहान द्वारा सम्पादित पुस्तक 'इंडियन पोएट्री इन इंग्लिश— पेट्रीकॉर : ए क्रिटीक ऑफ़ सी. एल. खत्रीज़ पोएट्री' का लोकार्पण कॉलेज के प्राचार्य प्रो. उपेन्द्र प्रसाद सिंह एवं उर्दू विभागाध्यक्ष प्रो. अबू बकर रिज़वी, दर्शनशास्त्र के अध्यक्ष प्रो. श्यामल किशोर, हिन्दी विभागाध्यक्ष प्रो. जावेद अख्तर खाँ एवं प्रो. शशि भूषण चौधरी ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर प्रो. छोटे लाल खत्री भी मौजूद थे।

प्रकाश बुक डिपो, बरेली द्वारा प्रकाशित इस पुस्तक में भारतीय अँग्रेज़ी काव्य के परिप्रेक्ष्य में सीएल खत्री की रचनाधर्मिता पर 22 शोधपरक आलेख/आलोचनात्मक निबंधों के साथ रचनाकार का सारगर्भित साक्षात्कार, प्रतिनिधि रचनाएँ एवं महत्वपूर्ण उद्धरणों को संकलित कर विस्तार से चर्चा की गई है। इस पुस्तक को मुख्य रूप से 'द रिवर', 'फायर एंड वाटर', 'अर्थ', 'एयर', 'स्काई' खण्डों में विभाजित किया गया है। इसके साथ ही साक्षात्कार खण्ड, रचना खण्ड, ग्रंथसूची आदि को भी जोड़ा गया है। 

प्रो. उपेन्द्र प्रसाद ने इस पुस्तक को महाविद्यालय के लिए एक बड़ी उपलब्धि मानते हुए प्रो. खत्री को बधाई दी। प्रो. रिजवी ने इस अवसर पर कहा कि सीएल खत्री अँग्रेज़ी में कविताएँ ज़रूर लिखते हैं, मगर इनकी कविताओं में हिन्दुस्तान की रूह बसती है। इनकी कविताओं का अनुवाद देश की कई अन्य भाषाओं में भी हो चुका है। इस अवसर पर उन्होंने यह भी बताया कि इन दिनों वे खत्री जी की कविताओं का सग्रंह— 'टू मिनट सायलेंस' का उर्दू में अनुवाद कर रहे हैं। प्रो. जावेद अख्तर खाँ ने डॉ. सुधीर के अरोड़ा और डॉ. अवनीश सिंह चौहान के इस बेहतरीन सम्पादन की सराहना करते हुए कहा कि खत्री जी अपनी कविताओं में आम आदमी की जिन्दगी की बुनयादी समस्याओं का चित्रण बख़ूबी करना जानते हैं। इस अवसर पर कॉलेज के शिक्षक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ मौजूद थे

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